कोरोना के 23 एक्टिव केस से दिल्ली सतर्क: स्वास्थ्य मंत्री ने कहा - 'अस्पताल तैयार, लोग रहें सावधान'
हॉन्गकॉन्ग और सिंगापुर में बड़े पैमाने पर दस्तक के बाद अब कोरोना के मामले दिल्ली में भी बढ़ने शुरू हो गए हैं. दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने शुक्रवार को बताया कि 22 मई तक दिल्ली में कोरोना के कुल 23 केस मिले हैं. इन सभी की जांच प्राइवेट लैब में हुई है. स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि दिल्ली सरकार अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि यह 23 मरीज दिल्ली के हैं या दिल्ली से बाहर के हैं और उनकी ट्रैवल हिस्ट्री क्या है.
दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री ने कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए दिल्ली के सभी सरकारी अस्पतालों के एमएस के साथ मीटिंग की. उन्होंने बताया कि सरकारी अस्पतालों में ऑक्सीजन की तैयारी कर ली गई है. स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि अभी पैनिक होने वाली कोई बात नहीं है. अभी कोरोना का जो वेरिएंट (जेएन.1) सामने आया है वह सामान्य वेरिएंट है. उसका कोई ज्यादा असर नहीं है. इसका असर नॉर्मल इन्फ्लूएंजा की तरह ही होता है.

अस्पतालों में की जा रही मॉनिटरिंग
उन्होंने कहा कि अभी तक दिल्ली में सभी 23 मरीज ठीक हैं. किसी को कोई समस्या नहीं है. सरकार की तैयारी पूरी है. सभी अस्पतालों को निर्देश दे दिए गए हैं. ऑक्सीजन से लेकर ऑक्सीमीटर तक की तैयारी पूरी कर ली गई है. हमने विशेष रूप से अपने आठ बड़े अधिकारियों को अस्पताल में मॉनिटरिंग करने के लिए लगाया है. अधिकारी रोज अस्पतालों का दौरा करके उनकी व्यवस्थाओं की जानकारी ले रहे हैं. अस्पतालों को हर स्थिति निपटने के निर्देश दे दिए गए हैं. दिल्ली सरकार के अस्पताल पूरी तरह किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं.
दिए गए ये निर्देश
दिल्ली सरकार की तरफ से जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि कोविड-19 मामलों में हाल ही में हुई वृद्धि को देखते हुए सभी सरकारी/निजी अस्पतालों के चिकित्सा निदेशकों/चिकित्सा अधीक्षकों/प्रशासकों की ओर से अस्पतालों में इन व्यवस्थाओं को सुनिश्चित किया जाना चाहिए.
- बिस्तरों, ऑक्सीजन, एंटीबायोटिक्स और अन्य दवाओं और वैक्सीन की उपलब्धता के संदर्भ में अस्पताल की तैयारी सुनिश्चित करें. वेंटिलेटर, बाई-पैप, ऑक्सीजन कंसंट्रेटर, पीएसए आदि सभी उपकरण चालू हालत में हैं.
- समर्पित कर्मचारियों का रिफ्रेशर ट्रेनिंग आयोजित की जा सकती है.
- सभी स्वास्थ्य सुविधाओं (ओपीडी/आईपीडी) में इन्फ्लूएंजा जैसी बीमारी (आईएलआई) और गंभीर तीव्र श्वसन बीमारी (एसएआरआई) के मामलों की रिपोर्टिंग दैनिक आधार पर एकीकृत स्वास्थ्य सूचना प्लेटफॉर्म (आईएचआईपी) पोर्टल पर की जानी चाहिए.
- पुष्टि किए गए इन्फ्लूएंजा और कोविड-19 मामलों को भी एल फॉर्म के तहत आईएचआईपी पोर्टल पर रिपोर्ट किया जा सकता है.
- दिल्ली राज्य स्वास्थ्य डेटा प्रबंधन पोर्टल पर सभी मापदंडों की दैनिक रिपोर्टिंग.
- कोविड-19 परीक्षण दिशानिर्देशों के अनुसार पर्याप्त परीक्षण. 5% आईएलआई मामलों और 100% एसएआरआई मामलों की कोविड-19 जांच सुनिश्चित करें. परीक्षण के लिए आईसीएमआर के दिशानिर्देशों का पालन करें.
- सभी पॉजिटिव कोविड-19 नमूनों को संपूर्ण जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए लोकनायक अस्पताल भेजें, ताकि नए वेरिएंट का समय पर पता लगाया जा सके.
- यदि कोई हो और डब्ल्यूजीएस के लिए भेजे गए नमूनों की संख्या को राज्य निगरानी इकाई के साथ साझा किया जा सके.
- अस्पताल परिसर/स्वास्थ्य सुविधाओं में मास्क पहनने सहित अन्य गाइडलाइंस का पालन किया जाए.
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