इस बॉलीवुड सुपरस्टार के पास थी पहली वैनिटी वैन
नई दिल्ली। आज वैनिटी वैन बॉलीवुड सितारों की शान और उनके आराम का प्रतीक हैं। यूं तो आज फिल्म सेट या फिर टीवी शोज के सेट पर वैनिटी वैन आम बात हो गई है, लेकिन बहुत कम सेलिब्रिटीज हैं जिनके पास खुद का लग्जरी वैनिटी वैन है। शायद ही आपको मालूम हो कि फिल्मी दुनिया में आखिर यह वैनिटी वैन का कॉन्सेप्ट कैसे शुरू हुआ था? क्या आप जानते हैं कि भारत में पहला वैनिटी वैन किस सुपरस्टार के पास था?
बात उन दिनों की है जब फिल्मों की शूटिंग आउटडोर लोकेशन पर होती थी और कलाकारों को सुविधाओं के नाम पर खास कुछ नहीं मिलता था। मेकअप और कॉस्ट्यूम बदलने के लिए अक्सर अस्थायी टेंट या गाड़ियों का सहारा लेना पड़ता था, जो काफी असुविधाजनक होता था। फिर एक मशहूर डायरेक्टर ने अपने आराम के लिए एक वैनिटी वैन बनवाया।
इस डायरेक्टर ने रखी थी वैनिटी वैन की नींव
यह मशहूर डायरेक्टर थे सिनेमा को कई ब्लॉकबस्टर फिल्मों से नवाजने वाले मनमोहन देसाई। शानदार सेट के लिए मशहूर मनमोहन देसाई को बैक प्रॉब्लम थी। तब उन्होंने अपने लिए एक वैनिटी वैन बनाई थी जिसमें एक बेड और टीवी लगा हुआ था। यहीं से वैनिटी वैन का कॉन्सेप्ट आया था। उन्होंने ही अमिताभ को वैनिटी वैन गिफ्ट की थी।
अमिताभ को मिली थी इंडस्ट्री की पहली वैनिटी वैन
एक बार अमिताभ बच्चन ने एक ब्लॉग पोस्ट में रिवील किया था कि मनमोहन देसाई ने इंडस्ट्री का पहला वैनिटी वैन उन्हें गिफ्ट किया था जिसे वह घूमने के लिए इस्तेमाल करते थे। 2014 के एक पोस्ट में उन्होंने कहा था, "मनमोहन जी ने ही मुझे इंडस्ट्री में सबसे पहली सोकॉल्ड वैनिटी वैन दी थी। मैं इसे सालों तक एक ट्रेवल करने के लिए इस्तेमाल करता रहा जब तक कि ‘वैनिटी’ सभी शूटिंग और सितारों के साथ एक स्थायी चीज नहीं बन गई, अब एक नियमित चीज बन गई है।"
अमिताभ बच्चन और मनमोहन देसाई ने एक साथ कई फिल्मों में काम किया था। उन्होंने साथ में 'नसीब', 'अमर अकबर एंथनी', 'कुली' और 'परवरिश' जैसी कई ब्लॉकबस्टर फिल्में कीं। दोनों की बॉलीवुड की हिट जोड़ी थी। मगर गंगा यमुना सरस्वती और तूफान की असफलता के बाद दोनों की जोड़ी टूट गई थी।
सुशासन तिहार में सुलझी किसान की समस्या
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, वन मंत्री केदार कश्यप एवं सांसद संतोष पाण्डेय ने भोरमदेव मंदिर में की पूजा-अर्चना
स्वच्छता, स्वास्थ्य और जनसुविधा से जुड़ी समस्याओं में कोताही बर्दाश्त नहीं करेंगे : ऊर्जा मंत्री तोमर
मध्यप्रदेश पुलिस की अवैध शराब के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही
राज्यपाल रमेन डेका ने जल संरक्षण और जनकल्याण पर दिया जोर
गोद में उठाया, चश्मा पहनाया : भैंसामुड़ा में दिखा मुख्यमंत्री का आत्मीय रूप
एमपी ट्रांसको ने जुलवानिया सब स्टेशन में ऊजीकृत किया 40 एमवीए क्षमता का ट्रांसफार्मर : ऊर्जा मंत्री तोमर
नये मध्यप्रदेश का मार्वलस माइलस्टोन साबित होगा इन्दौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
स्वरोजगार की राह पर बढ़ते कदम: मुख्यमंत्री ने RSETI में देखा ग्रामीण सशक्तिकरण का मॉडल