इस बार कड़ा होगा दिल्ली का मुकाबला
नई दिल्ली । कांग्रेस के साथ पहली बार गठबंधन में चुनाव लड़ रही दिल्ली में सत्तारूढ़ आप के चारों सीटों पर प्रत्याशी घोषित कर देने से राजधानी में चुनावी पारा तेजी से चढ़ गया है। परस्पर विरोधी रहे ये दोनों दल भाजपा को मात देने के उद्देश्य से एक जरूर हुए हैं, लेकिन ये अपने उद्देश्य में सफल होंगे या मोदी की लहर से अपने प्रत्याशियों को बचा पाएंगे, ये समय ही बताएगा। आप ने अपनी जिन चारों सीटों पर प्रत्याशी घोषित किए हैं, उनमें पश्चिमी दिल्ली से महाबल मिश्रा हैं, जो इसी सीट से पूर्व में कांग्रेस सांसद रहे हैं। उन्हें पार्टी ने निलंबित कर दिया था, जिसके बाद उन्होंने आप का दामन थाम लिया था। नई दिल्ली से आप ने विधायक सोमनाथ भारती को प्रत्याशी बनाया है। भारती पूर्व में आप सरकार में मंत्री रहे हैं और वर्तमान में दिल्ली जल बोर्ड के उपाध्यक्ष हैं। पूर्वी दिल्ली सीट से आप के प्रत्याशी कुलदीप कुमार और दक्षिणी दिल्ली सीट से सहीराम होंगे। वर्तमान में ये दोनों विधायक हैं। इन चार सीटों में से एक दक्षिणी दिल्ली सीट ऐसी है, जहां पिछले चुनाव में आप प्रत्याशी दूसरे नंबर पर रहा था, शेष तीनों सीटों पर आप प्रत्याशी तीसरे नंबर पर थे। ऐसे में इन सीटों पर आप प्रत्याशी को कांग्रेस की मदद की बहुत जरूरत पड़ने वाली है। कांग्रेस ने अब तक प्रत्याशी घोषित नहीं किए हैं, लेकिन ऐसी संभावना है कि प्रदेश अध्यक्ष अरविंदर सिंह लवली उत्तर पूर्वी दिल्ली से स्वयं ही ताल ठोंके। चांदनी चौक से पूर्व सांसद जेपी अग्रवाल या राष्ट्रीय महिला कांग्रेस अध्यक्ष अलका लांबा को चुनाव लड़ाया जा सकता है, जबकि उत्तर पश्चिमी सीट से पूर्व सांसद उदित राज या कृष्णा तीरथ को प्रत्याशी बनाया जा सकता है। उत्तर पश्चिमी सीट पर पिछले लोकसभा चुनाव में कांग्रेस आप के बाद तीसरे स्थान पर रही थी। दिल्ली की सातों सीटों पर टिकट बंटवारे को लेकर भाजपा के प्रदेश नेताओं की राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ बैठक हो चुकी है। साथ ही कल केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक भी हो चुकी है। ऐसी संभावना थी कि बृहस्पतिवार रात तक प्रत्याशियों के नाम घोषित हो जाएंगे, लेकिन नहीं हुए तो आज इन नामों की घोषणा की उम्मीद की जा रही है। प्रदेश भाजपा में अंदरखाने यह चर्चा है कि तीन सांसदों को पार्टी फिर से चुनाव लड़ने का मौका देगी, जबकि चार को बदला जाएगा। ऐसे में इस बार दिल्ली का चुनाव दिलचस्प होने जा रहा है।
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